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10-Jul-2020

चुनाव आयोग के समक्ष आरजेडी ने किया भाजपा के इस रणनीति का विरोध


अब बिहार विधान सभा चुनाव के समय से होने की संभावना बढ़ गई है। राजनीतिक दल तो चुनावी मोड़ में आ ही चुके हैं, राज्य निर्वाचन आयोग भी चुनाव की तैयारी में जुटा हुआ है। कोरोना संकट के बीच बिहार में विधानसभा चुनाव की तैयारियों पर चर्चा करने के लिए आज राज्य निर्वाचन आयोग ने सभी दलों के साथ बैठक की। प्रदेश की सत्तासीन पारिटी ने चुनाव आयोग के एक ही फेज में चुनाव संपन्न कराने की मांग की है।

बैठक में राजद ने डिजिटल प्रचार पर रोक लगाने की मांग की है। बता दें कि भाजपा पहले से ही डिजिटल प्रचार को बढ़ावा देने के पक्ष में है और अमित शाह वर्चुअल रैली कर इसके संकेत भी दे दिए हैं। अब आरजेडी द्वारा डिजिटल प्रचार का विरोध भाजपा के डिजिटल रणनीति के लिए शुभ संकेत नहीं हैं।

राजद विधायक शक्ति सिंह यादव ने कहा कि चुनाव आयोग ने प्रचार के तरीके तय करने के लिए बैठक बुलाई थी। लेकिन सत्ताधारी दल साजिश रचने में लगे हैं। राजद के प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह ने कहा कि भाजपा-जदयू ने डिजिटल प्रचार की बात कही है। ये पैसे वाले लोगों की साजिश है। उनके पास पैसा है। वे पैसे के बल पर लोगों को झांसे में रखना चाहते हैं।

जदयू ने बिहार विधानसभा का चुनाव एक चरण में कराने की मांग चुनाव आयोग से की है। साथ ही उसने चुनाव आयोग को चुनाव प्रचार को दो भागों में बांटने की भी मांग की है। प्रत्याशियों के लिए प्रचार का वही पुराना तरीका हो, जबकि बड़े नेताओं की रैलियों को लेकर अलग व्यवस्था चुनाव आयोग तय करे।